2 इतिहास 34:33
योशिय्याह ने इस्राएलियों के सब देशों में से सब अशुद्ध वस्तुओं को दूर करके जितने इस्राएल में मिले, उन सभी से उपासना कराई; अर्थात् उनके परमेश्वर यहोवा की उपासना कराई; उसके जीवन भर + 34:33 उसके जीवन भर: योशिय्याह के राज्यकाल में मूर्तिपूजा प्रत्यक्ष में नहीं होती थी। उन्होंने अपने पूर्वजों के परमेश्वर यहोवा के पीछे चलना न छोड़ा।
बाइबल (हिन्दी)
In The King James Version
In Context
Cross References
1 Kings 11:5सुलैमान तो सीदोनियों की अश्तोरेत नामक देवी, और अम्मोनियों के मिल्कोम नामक घृणित देवता के पीछे चला।
2 Chronicles 34:3वह लड़का ही था, अर्थात् उसको गद्दी पर बैठे आठ वर्ष पूरे भी न हुए थे कि अपने मूलपुरुष दाऊद के परमेश्वर की खोज करने लगा, और बारहवें वर्ष में वह ऊँचे स्थानों और अशेरा नामक मूरतों को और खुदी और ढली हुई मूरतों को दूर करके, यहूदा और यरूशलेम को शुद्ध करने लगा + 34:3 वह .... यहूदा और यरूशलेम को शुद्ध करने लगा: यिर्मयाह की प्रथम भविष्यद्वाणियाँ (यिर्म. 2, 3) योशिय्याह द्वारा मूर्तिपूजा के निवारण के आरम्भिक प्रयास के समय की हैं और उनसे उसको बहुत साहस प्राप्त हुआ होगा। ।
2 Chronicles 34:5उनके पुजारियों की हड्डियाँ उसने उन्हीं की वेदियों पर जलाईं। अतः उसने यहूदा और यरूशलेम को शुद्ध किया।
Jeremiah 4:1यहोवा की यह वाणी है, “हे इस्राएल, यदि तू लौट आए, तो मेरे पास लौट आ। यदि तू घिनौनी वस्तुओं को मेरे सामने से दूर करे, तो तुझे आवारा फिरना न पड़ेगा,