Hebrews 9:2
अर्थात् एक तम्बू बनाया गया, पहले तम्बू में दीवट, और मेज, और भेंट की रोटियाँ थीं; और वह पवित्रस्थान कहलाता है। (निर्ग. 25:23-30, निर्ग. 26:1-30)
बाइबल (हिन्दी)
In The King James Version
In Context
3और दूसरे परदे के पीछे वह तम्बू था, जो परमपवित्र स्थान कहलाता है। (निर्ग. 26:31-33)
Cross References
Exodus 25:8और वे मेरे लिये एक पवित्रस्थान बनाएँ, कि मैं उनके बीच निवास करूँ + 25:8 मैं उनके बीच निवास करूँ: यहाँ निवास-स्थान का उद्देश्य है जिसे निश्चित रूप से स्वयं परमेश्वर ने घोषित किया है। यही बात परमेश्वर की उपस्थिति उनके लोगों के बीच में हे, दर्शाती है।।
Exodus 26:33और बीचवाले पर्दे को अंकड़ियों के नीचे लटकाकर, उसकी आड़ में साक्षीपत्र का सन्दूक भीतर ले जाना; सो वह बीचवाला परदा तुम्हारे लिये पवित्रस्थान को परमपवित्र स्थान से अलग किए रहे।
Exodus 29:1“उन्हें पवित्र करने को जो काम तुझे उनसे करना है कि वे मेरे लिये याजक का काम करें वह यह है: एक निर्दोष बछड़ा और दो निर्दोष मेढ़े लेना,
Exodus 36:8और काम करनेवाले जितने बुद्धिमान थे + 36:8 काम करनेवाले जितने बुद्धिमान थे: और सटीक रूप से यह निपुण बुनकर का काम था। करूबों के रंगीन चित्रण का काम करघा पर किया जाना था, जिसको बनाने के लिए अलग-अलग तरह के कारीगर लगाए गए। उन्होंने निवास के लिये बटी हुई सूक्ष्म सनी के कपड़े के, और नीले, बैंगनी और लाल रंग के कपड़े के दस परदों को काढ़े हुए करूबों सहित बनाया।
Exodus 39:32इस प्रकार मिलापवाले तम्बू के निवास का सब काम समाप्त हुआ, और जिस-जिस काम की आज्ञा यहोवा ने मूसा को दी थी, इस्राएलियों ने उसी के अनुसार किया।
Exodus 40:2“पहले महीने के पहले दिन को तू मिलापवाले तम्बू के निवास को खड़ा कर देना।