मत्ती 23:23
“हे कपटी शास्त्रियों, और फरीसियों, तुम पर हाय! तुम पोदीने और सौंफ और जीरे का दसवाँ अंश देते हो, परन्तु तुम ने व्यवस्था की गम्भीर बातों अर्थात् न्याय, और दया, और विश्वास को छोड़ दिया है; चाहिये था कि इन्हें भी करते रहते, और उन्हें भी न छोड़ते।
बाइबल (हिन्दी)
In The King James Version
In Context
22और जो स्वर्ग की शपथ खाता है, वह परमेश्वर के सिंहासन की और उस पर बैठनेवाले की भी शपथ खाता है।
24हे अंधे अगुओं, तुम मच्छर को तो छान डालते हो, परन्तु ऊँट को निगल जाते हो।
Cross References
Leviticus 27:30“फिर भूमि की उपज का सारा दशमांश, चाहे वह भूमि का बीज हो चाहे वृक्ष का फल, वह यहोवा ही का है; वह यहोवा के लिये पवित्र ठहरे। (मत्ती 23:23, लूका 11:42)
Proverbs 21:3धर्म और न्याय करना, 1 यहोवा को बलिदान से अधिक अच्छा लगता है। 1
Hosea 6:6क्योंकि मैं बलिदान से नहीं, स्थिर प्रेम ही से प्रसन्न होता हूँ + 6:6 मैं बलिदान से नहीं, स्थिर प्रेम ही से प्रसन्न होता हूँ: परमेश्वर पहले कह चुका है कि उनके लिए उसे खोजना आवश्यक है परन्तु अपनी भेड़ें और पशुओं के झुण्डों के साथ प्रयास करके उसे पा न सकेंगे। अतः यहाँ वह शाऊल के उत्तर के बहाने की अपेक्षा करता है कि अवज्ञा को होमबलि द्वारा प्रतिस्थापित करना। , और होमबलियों से अधिक यह चाहता हूँ कि लोग परमेश्वर का ज्ञान रखें। (मत्ती 9:13, मत्ती. 12:7, मर. 12:33)
Matthew 5:19इसलिए जो कोई इन छोटी से छोटी आज्ञाओं में से किसी एक को तोड़े, और वैसा ही लोगों को सिखाए, वह स्वर्ग के राज्य में सबसे छोटा कहलाएगा; परन्तु जो कोई उनका पालन करेगा और उन्हें सिखाएगा, वही स्वर्ग के राज्य में महान कहलाएगा।
Matthew 12:7यदि तुम इसका अर्थ जानते कि मैं दया से प्रसन्न होता हूँ, बलिदान से नहीं, तो तुम निर्दोष को दोषी न ठहराते। (होशे 6:6)
Luke 11:42“पर हे फरीसियों, तुम पर हाय! तुम पोदीने और सुदाब का, और सब भाँति के साग-पात का दसवाँ अंश देते हो, परन्तु न्याय को और परमेश्वर के प्रेम को टाल देते हो; चाहिए तो था कि इन्हें भी करते रहते और उन्हें भी न छोड़ते। (मत्ती 23:23, मीका 6:8, लैव्य. 27:30)