Proverbs 17:15
जो दोषी को निर्दोष, और जो निर्दोष को दोषी ठहराता है, 1 उन दोनों से यहोवा घृणा करता है। 1
बाइबल (हिन्दी)
In The King James Version
In Context
14झगड़े का आरम्भ बाँध के छेद के समान है, 1 झगड़ा बढ़ने से पहले उसको छोड़ देना उचित है। 1
16बुद्धि मोल लेने के लिये मूर्ख अपने हाथ में दाम क्यों लिए है? 1 वह उसे चाहता ही नहीं। 1
Cross References
Exodus 23:7झूठे मुकद्दमे से दूर रहना, और निर्दोष और धर्मी को घात न करना, क्योंकि मैं दुष्ट को निर्दोष न ठहराऊँगा।
1 Kings 21:13तब दो नीच जन आकर उसके सम्मुख बैठ गए; और उन नीच जनों ने लोगों के सामने नाबोत के विरुद्ध यह साक्षी दी, “नाबोत ने परमेश्वर और राजा दोनों की निन्दा की।” इस पर उन्होंने उसे नगर से बाहर ले जाकर उसको पथरवाह किया, और वह मर गया।
Proverbs 11:1छल के तराजू से यहोवा को घृणा आती है, 1 परन्तु वह पूरे बटखरे से प्रसन्न होता है। 1
Proverbs 18:5दुष्ट का पक्ष करना, 1 और धर्मी का हक़ मारना, अच्छा नहीं है। 1
Proverbs 24:24जो दुष्ट से कहता है कि तू निर्दोष है, 1 उसको तो हर समाज के लोग श्राप देते और जाति-जाति के लोग धमकी देते हैं; 1
Isaiah 55:8क्योंकि यहोवा कहता है, मेरे विचार और तुम्हारे विचार एक समान नहीं है, न तुम्हारी गति और मेरी गति एक सी है। (रोम. 11:33)