यशायाह 59:18
उनके कर्मों के अनुसार वह उनको फल देगा, अपने द्रोहियों पर वह अपना क्रोध भड़काएगा और अपने शत्रुओं को उनकी कमाई देगा; वह द्वीपवासियों को भी उनकी कमाई भर देगा। (जक. 17:10, प्रका. 20:12,13, नहू. 1:2, प्रका. 22:12)
बाइबल (हिन्दी)
In The King James Version
In Context
Cross References
Job 34:11वह मनुष्य की करनी का फल देता है, 1 और प्रत्येक को अपनी-अपनी चाल का फल भुगताता है। 1
Psalms 21:8तेरा हाथ तेरे सब शत्रुओं को ढूँढ़ निकालेगा, 1 तेरा दाहिना हाथ तेरे सब बैरियों का पता लगा लेगा। 1
Isaiah 1:24इस कारण प्रभु सेनाओं के यहोवा, इस्राएल के शक्तिमान की यह वाणी है: “सुनो, मैं अपने शत्रुओं को दूर करके शान्ति पाऊँगा, और अपने बैरियों से बदला लूँगा।
Isaiah 63:3“ मैंने तो अकेले ही हौद में दाखें रौंदी हैं + 63:3 मैंने तो अकेले ही हौद में दाखें रौंदी हैं: मैं, यहोवा निश्चय ही अपने क्रोध के दाख रौंदता हूँ और मैं अकेला ही ऐसा करता हूँ। यहाँ निहितार्थ है कि उसने बैरियों को पूर्णतः नष्ट कर दिया है। , और देश के लोगों में से किसी ने मेरा साथ नहीं दिया; हाँ, मैंने अपने क्रोध में आकर उन्हें रौंदा और जलकर उन्हें लताड़ा; उनके लहू के छींटे मेरे वस्त्रों पर पड़े हैं, इससे मेरा सारा पहरावा धब्बेदार हो गया है। (प्रका. 19:15, प्रका. 14:20)
Isaiah 66:14तुम यह देखोगे और प्रफुल्लित होंगे; तुम्हारी हड्डियाँ घास के समान हरी-भरी होंगी; और यहोवा का हाथ उसके दासों के लिये प्रगट होगा, और उसके शत्रुओं के ऊपर उसका क्रोध भड़केगा। (यूह. 16:22)
Jeremiah 17:10“मैं यहोवा मन को खोजता और हृदय को जाँचता हूँ ताकि प्रत्येक जन को उसकी चाल-चलन के अनुसार अर्थात् उसके कामों का फल दूँ।” (1 पत. 1:17, प्रका. 2:23, प्रका. 20:12,13, प्रका. 22:12)