लूका 6:45
भला मनुष्य अपने मन के भले भण्डार से भली बातें निकालता है; और बुरा मनुष्य अपने मन के बुरे भण्डार से बुरी बातें निकालता है; क्योंकि जो मन में भरा है वही उसके मुँह पर आता है। 1 घर बनानेवाले दो प्रकार के मनुष्य
बाइबल (हिन्दी)
In The King James Version
In Context
46“जब तुम मेरा कहना नहीं मानते, तो क्यों मुझे ‘हे प्रभु, हे प्रभु,’ कहते हो? (मला. 1:6)
Cross References
Psalms 12:2प्रत्येक मनुष्य अपने पड़ोसी से झूठी बातें कहता है; 1 वे चापलूसी के होठों से दो रंगी बातें करते हैं। 1
Psalms 40:8हे मेरे परमेश्वर, 1 मैं तेरी इच्छा पूरी करने से प्रसन्न हूँ; 1 और तेरी व्यवस्था मेरे अन्तःकरण में बसी है।” (इब्रा. 10:5-7) 1
Psalms 52:2तेरी जीभ केवल दुष्टता गढ़ती है + 52:2 तेरी जीभ केवल दुष्टता गढ़ती है: कहने का अर्थ है कि वह मनुष्य अपनी जीभ के द्वारा मनुष्यों का विनाश करता है। ; 1 सान धरे हुए उस्तरे के समान वह छल 1 का काम करती है। 1
Psalms 59:12वह अपने मुँह के पाप, और होठों के वचन, 1 और श्राप देने, और झूठ बोलने के कारण, 1 अभिमान में फँसे हुए पकड़े जाएँ। 1
Psalms 71:15मैं अपने मुँह से तेरी धार्मिकता का, 1 और तेरे किए हुए उद्धार का वर्णन दिन भर करता रहूँगा, 1 क्योंकि उनका पूरा ब्योरा मेरी समझ से परे है। 1
Proverbs 4:23सबसे अधिक अपने मन की रक्षा कर; 1 क्योंकि जीवन का मूल स्रोत वही है। 1